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RCB vs GT Qualifier 1: रजत पाटीदार की धमाकेदार पारी, आरसीबी ने बनाया प्लेऑफ इतिहास का सबसे बड़ा स्कोर, आखिरी 5 ओवर में बने 86 रन - Navbharat Times

IPL 2026, RCB vs GT Qualifier 1: धर्मशाला में रजत पाटीदार का तूफान, आरसीबी ने 254 रन बनाकर रचा इतिहास

आईपीएल 2026 के पहले क्वालीफायर मुकाबले में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) ने क्रिकेट के तमाम कीर्तिमानों को ध्वस्त करते हुए गुजरात टाइटंस (GT) के सामने पहाड़ जैसा लक्ष्य खड़ा किया है। धर्मशाला के सुरम्य एचपीसीए स्टेडियम में खेले गए इस निर्णायक मैच में आरसीबी के बल्लेबाजों ने आक्रामक रुख अपनाते हुए 20 ओवरों में 254 रनों का विशाल स्कोर बनाया। यह न केवल इस सीजन का, बल्कि आईपीएल प्लेऑफ के इतिहास का अब तक का सबसे बड़ा स्कोर है। इस ऐतिहासिक पारी के सूत्रधार रहे रजत पाटीदार, जिन्होंने अपनी धमाकेदार बल्लेबाजी से गुजरात के गेंदबाजों को पूरी तरह से बैकफुट पर धकेल दिया।

रजत पाटीदार की मास्टरक्लास: 93 रनों की आतिशी पारी

मैच की शुरुआत से ही आरसीबी के बल्लेबाजों ने अपने इरादे साफ कर दिए थे। सलामी बल्लेबाजों ने ठोस नींव रखी, लेकिन खेल का असली रोमांच तब शुरू हुआ जब रजत पाटीदार क्रीज पर आए। पाटीदार ने मैदान के चारों ओर शॉट्स खेलते हुए मात्र कुछ ही गेंदों में मैच का रुख बदल दिया। उन्होंने अपनी 93 रनों की पारी में छक्कों और चौकों की झड़ी लगा दी। हालांकि वह अपने शतक से मात्र 7 रन चूक गए, लेकिन उनकी इस पारी ने बेंगलुरु को उस स्थिति में पहुंचा दिया जहां से जीत की राह आसान लगने लगी। उनकी बल्लेबाजी की सबसे बड़ी विशेषता स्पिन और पेस दोनों के खिलाफ समान नियंत्रण और आक्रामकता रही।

अंतिम 5 ओवरों का कोहराम: बने 86 रन

आरसीबी की पारी का सबसे घातक पक्ष अंतिम पांच ओवर रहे। 15 ओवरों की समाप्ति तक आरसीबी एक अच्छे स्कोर की ओर बढ़ रही थी, लेकिन अंतिम 30 गेंदों में जो हुआ उसने स्टेडियम में मौजूद दर्शकों को दांतों तले उंगली दबाने पर मजबूर कर दिया। बेंगलुरु के बल्लेबाजों ने अंतिम 5 ओवरों में कुल 86 रन बटोरे। डेथ ओवरों में गुजरात के अनुभवी गेंदबाज भी बेअसर नजर आए। पाटीदार के साथ-साथ निचले क्रम के बल्लेबाजों ने भी बहती गंगा में हाथ धोए और टीम के स्कोर को 250 के पार पहुंचा दिया। धर्मशाला की तेज आउटफील्ड और छोटी बाउंड्री का आरसीबी ने भरपूर फायदा उठाया।

जेसन होल्डर के दोहरे झटके और गुजरात की गेंदबाजी

गुजरात टाइटंस के लिए यह पारी किसी दुःस्वप्न से कम नहीं थी। हालांकि, एक समय ऐसा आया था जब अनुभवी ऑलराउंडर जेसन होल्डर ने एक ही ओवर में दो विकेट लेकर आरसीबी की रन गति पर अंकुश लगाने का प्रयास किया था। होल्डर की उन दो गेंदों ने आरसीबी को क्षणिक दबाव में जरूर डाला, लेकिन दूसरे छोर पर खड़े बल्लेबाजों ने इस दबाव को हावी नहीं होने दिया। गुजरात की ओर से राशिद खान और नूर अहमद जैसे दिग्गज स्पिनर भी इस रन वर्षा को रोकने में नाकाम रहे। टीम की फील्डिंग में भी कुछ खामियां नजर आईं, जिसका खामियाजा उन्हें स्कोरबोर्ड पर भुगतना पड़ा।

गुजरात की कठिन चुनौती: शुभमन गिल और साई सुदर्शन पर दारोमदार

255 रनों के असंभव से दिखने वाले लक्ष्य का पीछा करने उतरी गुजरात टाइटंस की शुरुआत अच्छी नहीं रही। प्लेऑफ में शानदार रिकॉर्ड रखने वाले शुभमन गिल और साई सुदर्शन से टीम को बड़ी उम्मीदें थीं। सांख्यिकी के लिहाज से आईपीएल प्लेऑफ में गुजरात के टॉप-5 बल्लेबाजों में गिल और सुदर्शन का नाम शीर्ष पर आता है, लेकिन इतने बड़े दबाव वाले मैच में शुरुआत से ही बड़े शॉट खेलने के प्रयास में टीम ने जल्दी विकेट गंवा दिए। लक्ष्य का पीछा करते हुए गुजरात को शुरुआती झटके लगे और मध्यक्रम के बल्लेबाज निशांत सिद्धू भी सस्ते में पवेलियन लौट गए। सलाम को मिली सफलता ने आरसीबी के खेमे में उत्साह भर दिया है।

प्लेऑफ का दबाव और आरसीबी की फाइनल की ओर कदम

क्वालीफायर 1 का महत्व दोनों टीमों के लिए सर्वोपरि है, क्योंकि यहाँ जीतने वाली टीम सीधे फाइनल में प्रवेश करती है। आरसीबी ने पहली पारी में जिस तरह का प्रदर्शन किया है, उससे उन्होंने न केवल मनोवैज्ञानिक बढ़त हासिल की है, बल्कि अपनी गेंदबाजी इकाई को भी एक बड़ा कुशन प्रदान किया है। 254 रनों का बचाव करना किसी भी गेंदबाजी आक्रमण के लिए एक सुखद अहसास होता है। यदि आरसीबी यह मैच जीतने में सफल रहती है, तो यह उनके खिताबी सूखे को खत्म करने की दिशा में एक बड़ा कदम होगा। समाचार लिखे जाने तक, गुजरात टाइटंस इस विशाल लक्ष्य के दबाव में संघर्ष करती नजर आ रही है और आरसीबी फाइनल की सीट पक्की करने के बेहद करीब दिख रही है।

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